Luxury EV Tax: महाराष्ट्र सरकार ने 30 लाख रुपए से अधिक कीमत वाले इलेक्ट्रिक वाहनों पर प्रस्तावित 6% टैक्स को वापस लेने की घोषणा की है। यह टैक्स वित्त वर्ष 2025-26 के बजट में उप-मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री अजित पवार द्वारा जोड़ा गया था, जिसका उद्देश्य अतिरिक्त रेवेन्यू जुटाना था। हालांकि, विपक्षी दल के एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि यह टैक्स सरकार की इलेक्ट्रिक मोबिलिटी स्कील को नुकसान पहुंचाएगा और राजस्व बढ़ाने में ज्यादा मददगार नहीं होगा।
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महाराष्ट्र सरकार की EV योजना
Tesla Model 3, Model Y, Kia EV6, Mercedes, BMW जैसी प्रीमियम EVs की कीमतें इस टैक्स से बढ़ सकती थीं। सरकार Tesla को महाराष्ट्र में मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने के लिए आकर्षित कर रही है और यह टैक्स संभावित Tesla खरीदारों के लिए महंगा साबित हो सकता था। वहीं, BYD, Mercedes, BMW जैसी प्रीमियम EV कंपनियों के अलावा Hyundai Ioniq 5 और Kia EV6 जैसे मॉडल भी इससे प्रभावित हो सकते थे।
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इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को बढ़ावा देने की योजना
मुख्यमंत्री ने कहा कि महाराष्ट्र को इलेक्ट्रिक वाहनों की राजधानी बनाने की योजना है। पुणे और छत्रपति संभाजीनगर (पूर्व में औरंगाबाद) में EV निर्माण संयंत्र लगने से उद्योग को बढ़ावा मिलेगा। सरकार का मुख्य उद्देश्य राज्य में वायु प्रदूषण की समस्या को कम करना है और इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देना इसी का हिस्सा है। महाराष्ट्र सरकार के इस कदम से EV बाजार को राहत मिलेगी, जिससे प्रीमियम इलेक्ट्रिक वाहनों की मांग और निवेश को बढ़ावा मिलेगा।
(मंजू कुमारी)