सुप्रीम कोर्ट से पैरोल मिलने के बाद ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के कैंडिडेट ताहिर हुसैन ने बुधवार से अपना चुनाव प्रचार करना शुरू कर दिया है। वह दिल्ली की मुस्तफाबाद विधानसभा सीट से चुनावी मैदान है। उन्हें बुधवार से 3 फरवरी तक हर दिन 12 घंटे प्रचार करने के लिए जेल से बाहर आने की परमिशन मिली है। इसी शर्त के साथ वह चुनाव प्रचार करेंगे और उन्हें रोजाना 2 लाख 47 हजार रुपये खर्च करने होंगे।
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मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, AIMIM उम्मीदवार और आप के पूर्व पार्षद रहे ताहिर हुसैन को छह दिन की कस्टडी पैरोल पर कुल 14 लाख 82 हजार रुपये जमा कराने होंगे। ऐसे में उन्हें हर दिन के लिए प्रचार के लिए करीब ढ़ाई लाख रुपए खर्च करने पड़ेगी। ताहिर हुसैन को शर्तों के मुताबिक दो दिन का पैसा एडवांस जमा करना होगा। खबरों की मानें, तो ताहिर हुसैनी को यह रकम अपनी सुरक्षा और सरकारी वाहन पर आने वाले खर्च के लिए जमा करनी होगी। एडवांस पेमेंट करने पर ही ताहिर को जेल से बाहर आने दिया जाएगा।
#WATCH | #DelhiAssemblyElection2025 | 2020 Delhi Riots accused and AIMIM candidate from Mustafabad assembly constituency Tahir Hussain conducts election campaign in the area.
— ANI (@ANI) January 29, 2025
Yesterday, the Supreme Court granted custody parole to Tahir Hussain to campaign ahead of Delhi… pic.twitter.com/QkljLPpMsE
ताहिर हुसैन को लेकर क्या कहा शर्ते लगाई सुप्रीम कोर्ट ने
खबरों की मानें, तो न्यायमूर्ति विक्रम नाथ की अध्यक्षता वाली तीन-न्यायाधीशों की पीठ ने इस मामले की सुनवाई की और कहा कि मामले के अजीब तथ्यों और परिस्थितियों पर विचार करते हुए हम निर्देश जारी कर रह हे हैं। याचिकाकर्ता को जेल मैनुअल में निर्धारित समय के अनुसार 29 जनवरी से 3 फरवरी तक जमा करने पर रिहा किया जाए। इसके साथ ही दो दिनों का खर्च, जो करीब 2,07,429 प्रति दिन के हिसाब से जमा कराया जाए।” इन खर्चों में पुलिस कर्मियों, एस्कॉर्ट वाहन और जेल वैन की लागत शामिल है, जिनमें हुसैन को चुनाव प्रचार के दौरान घुमाया जाएगा।
अदालत ने हुसैन पर यह शर्त भी लगाई है कि वह करावल नगर स्थित अपने मूल घर पर नहीं जाएगा, न ही अपने खिलाफ मामलों के बारे में कोई टिप्पणी करेगा या किसी प्रेस कॉन्फेंस को संबोधित नहीं करेगा। ताहिर को केवल एआईएमआईएम पार्टी के कार्यालय का दौरा करने और अपने निर्वाचन क्षेत्र में बैठकों को संबोधित करने की परमिशन दी गई है। उन्हें एक बार में दो दिनों के खर्च का अग्रिम भुगतान करने का निर्देश दिया गया है। जिसमें पहली किश्त का भुगतान मंगलवार शाम 6 बजे तक किया जाना था। यह भुगतान करने के बाद वह जेल से बाहर आ गए है और चुनाव प्रचार कर रहा रहे है।